उत्तर प्रदेश प्रतापगढ़ जिले में एक ही दिन पूर्व ईट भट्टे से मजदूरी कर घर वापस आए पति के ऊपर सोते समय पत्नी ने गंडासा से हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया। जिसको इलाज के लिए सीएचसी ले जाया गया जहां से गंभीर हालत में निजी चिकित्सालय में इलाज चल रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस ने गंडासा सहित पत्नी को हिरासत में ले लिया है। संग्रामगढ़ थाना क्षेत्र के गोविंद नगर अस्थवा निवासी लालजी सरोज पुत्र श्रीपाल सरोज जीविकोपार्जन के लिए परदेस गए ईट भट्टे पर मजदूरी कर एक दिन पूर्व ही वह अपने घर वापस आया था। घर पर 3 बच्चों की मां पत्नी सुमन देवी ने सोमवार दोपहर 2:00 बजे घर के अंदर सोते समय पति लाल जी सरोज को जान से मारने के लिए धारदार गड़ासा से सिर पर वार कर दिया। जिससे पति रक्त रंजित होकर तड़पने व चिल्लाने लगा। आवाज सुनकर पास पड़ोस के लोग पहुंचे तो देखा कि चारपाई पर वह तड़प रहा है। तत्काल लोग उसे इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र संग्रामगढ़ ले गए।

जहां पर गंभीर हालत में प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टर ने स्वरूपरानी नेहरू चिकित्सालय प्रयागराज रेफर कर दिया। परंतु परिजन इलाज के लिए वहां न ले जाकर मनगढ़ स्थित एक निजी चिकित्सालय में इलाज के लिए भर्ती करवाया है। जहां उसका मरणासन्न अवस्था में इलाज चल रहा है। इधर सूचना पर सक्रिय हुई पुलिस ने तत्काल घटनास्थल पर पहुंचकर गड़ासा सहित पत्नी को हिरासत में लिया है। इधर पत्नी को लेकर ग्रामीणों में तरह-तरह की चर्चाएं चल रही है। जबकि दबी जुबान लोगों से यह भी सुना गया कि पति के ईंट भट्ठे पर कमाने परदेस चले जाने पर पत्नी का किसी युवक से प्रेम प्रपंच चलने लगा। जिसके कारण पत्नी अपने पति को अपने तथा प्रेमी के बीच रास्ते से हटाने के लिए इस तरह का आत्मघाती कदम उठाया है। अग्नि को साक्षी मानकर सात फेरे लेते हुए सात जन्मों तक साथ निभाने का वचन देने वाली कलयुगी पत्नी ने 3 बच्चों का मोह छोड़कर इसी जन्म में ही पति के जान की दुश्मन बन गई। इसे कहते हैं, कि इश्क व प्यार अंधा होता है। : – शाहबाज खान की खास रिपोर्ट

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